
एक्शन · ड्रामा
योद्धा (1991)
Yodha
22 फ़र॰ 1991142 मिनटहिन्दी
करण एक उसूलों वाला वकील है और सूरज नशे की लत छोड़ चुका ऐसा युवक, जो ड्रग माफिया के लिए भाड़े पर काम करता है। अंडरवर्ल्ड में 'दागा' बनकर राज करने वाला एक रसूखदार जज दोनों को आपस में भिड़ा देता है, मगर निजी नुकसान और भाई-बहनों की प्रेम कहानी हालात पलट देती है।
संपादकीय प्रीव्यू: आधिकारिक जानकारी, ट्रेलर और सार्वजनिक स्रोतों के आधार पर लिखा गया — पूरी फिल्म देखकर नहीं।
कहानी
करण एक उसूलों वाला वकील है और सूरज नशे की लत छोड़ चुका ऐसा युवक, जो ड्रग माफिया के लिए भाड़े पर काम करता है। अंडरवर्ल्ड में 'दागा' बनकर राज करने वाला एक रसूखदार जज दोनों को आपस में भिड़ा देता है, मगर निजी नुकसान और भाई-बहनों की प्रेम कहानी हालात पलट देती है।
योद्धा 1991: यह हिंदी एक्शन ड्रामा क्या है
योद्धा (1991) राहुल रवैल के निर्देशन में बनी हिंदी एक्शन ड्रामा फ़िल्म है, जो 22 फ़रवरी 1991 को सिनेमाघरों में आई। नाम का मोटा-मोटा मतलब है "लड़ाके", और यही इशारा करता है कि कहानी किसी एक नायक पर नहीं, बल्कि दो किरदारों पर टिकी है। मुख्य भूमिकाओं में संजय दत्त और सनी देओल हैं, जो उस दौर में एक्शन के जाने-माने चेहरे थे। पटकथा के लिए के. के. सिंह का नाम दर्ज है और निर्माण कंपनी के रूप में सिनेयुग लिखी मिलती है।
नाम को लेकर सावधान रहिए, क्योंकि इसी नाम की कई अलग फ़िल्में हैं। 1992 में मोहनलाल की मलयालम फ़िल्म योद्धा आई थी, 'कर्म योद्धा' नाम की एक अलग हिंदी फ़िल्म भी है, और 2024 में 'योद्धा' नाम से नई हिंदी एक्शन फ़िल्म रिलीज़ हुई। इनमें से कोई भी यहाँ चर्चित फ़िल्म नहीं है। संजय दत्त और सनी देओल वाली फ़िल्म खोज रहे हैं तो साल 1991 और निर्देशक राहुल रवैल ही सबसे भरोसेमंद पहचान हैं।
यह पन्ना देखने से पहले की जानकारी है, समीक्षा नहीं। हमने फ़िल्म देखी नहीं है, इसलिए सिर्फ़ कहानी की बुनियाद, क्रेडिट और संदर्भ बता रहे हैं, और जो बात पक्की न हो उसे छोड़ दिया है।
कहानी की बुनियाद: वकील, भाड़े का हत्यारा और धागे खींचता जज
प्रकाशित कथा-सार के अनुसार करण श्रीवास्तव एक ईमानदार वकील है, जबकि सूरज सिंह नशे की लत छोड़ चुका युवक है जो ड्रग तस्करों के लिए सुपारी लेकर काम करता है। दोनों आमने-सामने आते हैं, पर यह दुश्मनी पूरी तरह उनकी अपनी नहीं है। जस्टिस धर्मेश अग्निहोत्री समाज में सम्मानित हैं, लेकिन अंडरवर्ल्ड में 'दागा' के नाम से दूसरी ज़िंदगी चलाते हैं, और वही दोनों को टकराव की तरफ़ धकेलते हैं।
इसी ढांचे में फ़िल्म की दिलचस्पी है। उस दौर की बहुत-सी फ़िल्मों में नायक बनाम खलनायक होता था; यहाँ शुरुआत में दो सख़्त मिज़ाज इंसान हैं जिन्हें इस्तेमाल किया जा रहा है, और नाटक इस बात में है कि उन्हें यह कब और कैसे समझ आता है। निजी नुकसान और दोनों के छोटे भाई-बहनों की प्रेम कहानी को वह वजह बताया गया है जो आख़िर में उन्हें असली दुश्मन के सामने खड़ा करती है। इससे आगे हम जान-बूझकर कुछ नहीं बताते, क्योंकि मोड़ दर्शक के लिए ही रहने चाहिए।
विषय जाने-पहचाने मगर टिकाऊ हैं: कानून बनाम सड़क, वफ़ादारी की कीमत, और यह सोच कि सत्ता भी एक नक़ाब हो सकती है। उम्मीद रखिए कि फ़िल्म में मेलोड्रामा, बड़े जज़्बात और आमने-सामने के टकराव ज़्यादा होंगे, शांत यथार्थवाद कम।
देखने से पहले: कलाकार, तकनीकी टीम और संगीत
दोनों मुख्य कलाकारों के अलावा कलाकार-सूची में संगीता बिजलानी हैं, जो जज की बेटी विद्या और करण की प्रेमिका बनी हैं, और डैनी डेन्ज़ोंगपा जस्टिस अग्निहोत्री यानी दागा के पीछे के चेहरे के रूप में। शिल्पा शिरोडकर सूरज की प्रेमिका के रूप में विशेष भूमिका में दर्ज हैं। सहायक कलाकारों में परेश रावल (छगनलाल), अन्नू कपूर (उमीद सिंह) और शफ़ी इनामदार (करण के पिता) के नाम भी आते हैं। छिपे सरगना की भूमिका में जाने-माने खलनायक अभिनेता को लेना इस बात का संकेत है कि फ़िल्म अपना वज़न कहाँ रखती है।
संगीत बप्पी लाहिड़ी का है और गीत आनंद बख़्शी ने लिखे हैं। एल्बम के गानों में "लड़का कुँवारा", "प्यार बड़ा मुश्किल है" और "होल डे होल नाइट" जैसे शीर्षक दर्ज हैं, जिन्हें आशा भोसले, अलका याग्निक, कुमार सानू और अमित कुमार जैसे गायकों ने गाया है। नब्बे के शुरुआती दशक का हिंदी फ़िल्म संगीत पसंद है तो सिर्फ़ साउंडट्रैक भी इसे खोजने की वजह बन सकता है।
एक व्यावहारिक बात: फ़िल्म की अवधि को लेकर स्रोत थोड़े अलग हैं, लगभग 142 और 148 मिनट दोनों मिलते हैं, इसलिए हमने कोई एक संख्या नहीं लिखी। मौजूदा स्ट्रीमिंग प्लेटफ़ॉर्म की भी हमें पक्की पुष्टि नहीं मिली, इसलिए किसी तीसरे पक्ष की सूची पर भरोसा करने के बजाय बड़े भारतीय प्लेटफ़ॉर्म पर खुद देख लें।
किसे पसंद आएगी योद्धा?
- संजय दत्त और सनी देओल के प्रशंसक, जो 90 के शुरुआती दौर के एक्शन ड्रामा में दोनों को साथ देखना चाहते हैं।
- वे दर्शक जिन्हें दो नायकों वाली कहानियाँ पसंद हैं, जहाँ असली खलनायक सम्मानित चेहरे के पीछे छिपा हो।
- बप्पी लाहिड़ी और आनंद बख़्शी के दौर के हिंदी फ़िल्मी गानों में दिलचस्पी रखने वाले लोग।
कलाकार
संजय दत्तSuraj Singhजन्म 1959 · Mumbai, Maharashtra
सनी देओलKaran Shrivastavजन्म 1956 · Ludhiana, Punjab
Danny DenzongpaJustice Dharmesh Agnihotri / Daagaजन्म 1948 · Sikkim, India
परेश रावलChhaganlalजन्म 1955 · Ahmedabad, Indiaफोटो: TMDB
सवाल-जवाब
योद्धा (1991) का निर्देशन किसने किया और यह कब रिलीज़ हुई?
इस हिंदी फ़िल्म का निर्देशन राहुल रवैल ने किया था और यह 22 फ़रवरी 1991 को रिलीज़ हुई।
क्या यह मोहनलाल की मलयालम फ़िल्म योद्धा जैसी ही है?
नहीं। मोहनलाल की योद्धा 1992 की अलग मलयालम फ़िल्म है, जिसे संगीत सिवन ने निर्देशित किया था। योद्धा (1991) संजय दत्त और सनी देओल वाली हिंदी फ़िल्म है।
योद्धा कब रिलीज़ हुई?
योद्धा 22 फ़र॰ 1991 को रिलीज़ हुई।
योद्धा के निर्देशक कौन हैं?
योद्धा के निर्देशक Rahul Rawail हैं।
योद्धा कितनी लंबी है?
योद्धा की अवधि 142 मिनट है।